12 अक्टू॰ – 18 अक्टूबर 2026 · मीन राशि (चंद्र राशि)
गुरु आपके पाँचवें और शनि पहले भाव में।
| सोमवार, 12 अक्टू॰ | सावधानी | चंद्रमा आठवें भाव में: चिंता और जोखिम — महत्वपूर्ण या जोखिम भरे निर्णय टाल दें |
| मंगलवार, 13 अक्टू॰ | सावधानी | चंद्रमा आठवें भाव में: चिंता और जोखिम — महत्वपूर्ण या जोखिम भरे निर्णय टाल दें |
| बुधवार, 14 अक्टू॰ | सावधानी | चंद्रमा नौवें भाव में: ऊर्जा में कमी और छोटी-मोटी बाधाएँ — काम हल्का और सहज रखें |
| गुरुवार, 15 अक्टू॰ | सावधानी | चंद्रमा नौवें भाव में: ऊर्जा में कमी और छोटी-मोटी बाधाएँ — काम हल्का और सहज रखें |
| शुक्रवार, 16 अक्टू॰ | सावधानी | चंद्रमा नौवें भाव में: ऊर्जा में कमी और छोटी-मोटी बाधाएँ — काम हल्का और सहज रखें |
| शनिवार, 17 अक्टू॰ | शुभ | चंद्रमा दसवें भाव में: कार्य और करियर में सफलता, उत्साह और पहचान |
| रविवार, 18 अक्टू॰ | शुभ | चंद्रमा दसवें भाव में: कार्य और करियर में सफलता, उत्साह और पहचान |
प्रत्येक दिन सूर्योदय के निकट (प्रातः 6 बजे IST) के चंद्रमा से देखा गया है।
गुरु (बृहस्पति) कर्क राशि में, आपके पाँचवें भाव में: संतान, शिक्षा, प्रेम और सही सलाह में शुभता।
शनि मीन राशि में, आपके पहले भाव में: साढ़ेसाती का चरम — भारी ज़िम्मेदारी और थकान; धैर्य और अनुशासन से लाभ।
यह इस राशि में जन्मे सभी लोगों के लिए वैदिक राशिफल है, जो ग्रहों की वास्तविक स्थिति (लाहिड़ी अयनांश) से बनाया गया है। यह आप पर कितना लागू होगा, यह आपकी अपनी कुंडली — लग्न और चल रही दशा — तय करती है। अपनी कुंडली देखें →